हाल की एक बैठक में संगीतकारों और विद्वानों ने कजरी के विभिन्न रूपों और इस शैली की विशिष्टता को बचाए रखने की चुनौती पर चर्चा की।

स्रोत: द हिंदू (पुनर्लिखित)